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सिर्फ 4 दिन नीम का सेवन: त्वचा से लेकर शुगर तक, बदल देगा आपकी सेहत की तस्वीर

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​ सिर्फ 4 दिन नीम का सेवन: त्वचा से लेकर शुगर तक, बदल देगा आपकी सेहत की तस्वीर ​जब भी हमारे सामने नीम का नाम आता है, तो दिमाग में सबसे पहले कड़वे पत्तों का स्वाद और त्वचा के पिंपल्स या फोड़े-फुंसी ठीक करने वाली एक घरेलू औषधि की छवि उभरती है। हम में से ज्यादातर लोग नीम को सिर्फ एक स्किन रेमेडी मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आयुर्वेद से लेकर आधुनिक विज्ञान तक, नीम को एक 'ब्रॉड स्पेक्ट्रम' (Broad Spectrum) औषधीय पौधा माना गया है? ​ यानी कि यह अकेली प्राकृतिक हर्ब बैक्टीरिया, फंगस, वायरस, इन्फ्लेमेशन, शुगर असंतुलन और लीवर के तनाव जैसी कई गंभीर समस्याओं पर एक साथ असर करती है। आइए विस्तार से जानते हैं नीम के उन 8 चमत्कारी फायदों के बारे में, जिन्हें जानकर आप हैरान रह जाएंगे। ​ 1. स्किन इंफेक्शन और एक्ने का जड़ से सफाया ​नीम का आयुर्वेदिक नाम 'नींबा' है, जो माइक्रोब्स को खत्म करने और त्वचा संबंधी विकारों को दूर करने के लिए प्रसिद्ध है। ​ बैक्टीरिया और फंगस पर प्रहार : वैज्ञानिक रिसर्च मानती है कि नीम के एक्सट्रैक्ट्स एक्ने पैदा करने वाले बैक्टी...

डिजिटल बुढ़ापा: क्या आपका स्मार्टफोन आपकी जवानी छीन रहा है?

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डिजिटल बुढ़ापा: क्या आपका स्मार्टफोन आपकी जवानी छीन रहा है? ​क्या आपने कभी गौर किया है कि बिस्तर पर जाने के बाद, जब आप अंधेरे कमरे में अपना फोन खोलते हैं, तो वह नीली रोशनी न केवल आपके कमरे को रोशन करती है, बल्कि आपकी सेहत को भीतर से खोखला भी कर रही होती है? ​आज हम डिजिटल युग में जी रहे हैं, लेकिन क्या हम वाकई स्मार्ट हो रहे हैं? या फिर हम अनजाने में अपनी ही उंगलियों से 'डिजिटल बुढ़ापे' (Digital Aging) की पटकथा लिख रहे हैं? ​ 1. 'टेक्स्ट नेक सिंड्रोम': एक आधुनिक महामारी ​ हम अक्सर मोबाइल को अपनी दुनिया समझते हैं, लेकिन सच यह है कि मोबाइल हमारी रीढ़ की हड्डी के लिए एक अदृश्य बोझ है। जब आप सिर झुकाकर रील (Reel) स्क्रॉल करते हैं, तो आपकी गर्दन पर पड़ने वाला दबाव किसी छोटे बच्चे को कंधे पर बैठाने के बराबर होता है। ​ पोश्चर का खेल: सिर का सामान्य वजन 5-6 किलो होता है, लेकिन 30-40 डिग्री के कोण पर झुकते ही यह दबाव 30-40 किलो तक पहुंच जाता है। ​ नतीजा: गर्दन की मांसपेशियों में खिंचाव, अकड़न और डिस्क का धीरे-धीरे बाहर निकलना। यह समस्या अब सिर्फ बुजुर्गों की नहीं, बल्क...