1️⃣ खान-पान में सुधार : अत्यधिक भोजन से बचें – जरूरत से ज्यादा और बार-बार खाने की आदत छोड़ें। रोटियों में बदलाव करें – गेहूं के आटे में रागी, जौ, ज्वार और तीसी मिलाकर बनाएं। सफेद चावल छोड़ें – इसकी जगह ब्राउन राइस अपनाएं, कभी कभार मोटा चावल (सप्ताह में 1-2 दिन चलेगा, लेकिन हल्का नास्ता समझ कर) । सब्जी और दाल भरपूर खायें - रोटी या दाल को शुद्ध घी के साथ मजे से आनन्द ले सकते हैं। 🛑 बाहर (होटलिंग) के खाना बिल्कुल बन्द बाहर होटल के खाने का स्वाद सिर्फ नाक तक आने दें, मुंह तक हरगिज न पहुंचने पाए, इस बात का पूरा ध्यान रखें, क्योंकि यह सबसे सेफ चोर-दरवाजा है - जहाँ शुगर को खाद-पानी मिलते रहता है। नाश्ते में लें : मौसमी सलाद भीगे हुए: अख़रोट कमसे कम 2 पिस , मेथी, बादाम गिरि 5-6, छुहारे 2, मुंगफली 10-12 दाने, किशमिश 8-10 🔶मुख्य भोजन का समय : दिन में: सुबह 10 से 12 बजे के बीच रात को : 6 से 8 बजे तक खाने के बाद सादा पानी नहीं पिएं – इसकी जगह मठ्ठा या पतला दही लें अथवा ल्युक वार्म वाटर भी ले सकते हैं। ♦️तेल और मीठा क...